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369 लेख HI

कलियुग के अंत का संकेत देने वाले संकेत क्या होंगे?

  बौंस गछ रे धान स्थापनाबे, गव गछ रे नदिया। अऊ न बरसीब से इंद्र राजन, कृषि होइब पड़िया।। कुकुर गाइबे यजुः वेद छंद, बाग पुदुथिबे गीता। एकले जानिबू बारंग सुंदर, काली नकर जिबा कथा। बौंसा गच्च …

कलियुग के समाप्त होते ही भगवान कल्कि का मानव रूप में जन्म

भविष्य मलिका की भविष्यवाणी के अनुसार, जब कलियुग समाप्त होगा, तब धर्म की स्थापना का कार्य शुरू होगा। जैसा कि भविष्य मलिका में वर्णित है, कलियुग के अंत का समर्थन करने वाली घटनाएं 1990 से भगवा…

श्रीमद्भागवत महापुराण का संक्षिप्त विवरण

नारद जी ने वेद व्यास जी को दिव्य ग्रंथ 'श्रीमद्भागवत महापुराण' लिखने और रचना करने के लिए प्रेरित किया। श्रीमद्भागवत में 335 अध्याय हैं। यह पुराण अन्य 18 पुराणों में सबसे महत्वपूर्ण और महानत…

श्रीमद्भागवत महापुराण का संक्षिप्त विवरण

नारद जी ने वेद व्यास जी को दिव्य ग्रंथ 'श्रीमद्भागवत महापुराण' लिखने और रचना करने के लिए प्रेरित किया। श्रीमद्भागवत में 335 अध्याय हैं। यह पुराण अन्य 18 पुराणों में सबसे महत्वपूर्ण और महानत…

बुद्धिमान लोग कहेंगे कि कलियुग की आयु "चार सौ बत्तीस हजार वर्ष" है।

तीसरे विश्व युद्ध और उसके परिणामों के बारे में महापुरुष श्री अच्युतानंदजी द्वारा लिखे गए कुछ दुर्लभ श्लोक और तथ्य- "तोके कहुतुबे जनम हेलेनी दर्शन करीचिमुई। तोके कहुतुबे जन्म हेबे प्रभु थिक …

किन पाप कर्मों से होगा कलियुग का पतन?

चतुर्युग (चार युग) की गणना के अनुसार, कलियुग 4,32,000 वर्षों तक रहना चाहिए। मनुष्यों द्वारा किये गये पापों के कारण युग की आयु कम हो जाती है और भविष्य मलिका के अनुसार कलियुग की आयु नष्ट हो ज…

धर्म की स्थापना के लिए भगवान विष्णु के दस अवतार

श्रीमद्भागवत गीता में भगवान श्रीकृष्ण ने अर्जुन से कहा है कि- यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर्भवति भारत। अभ्युत्थानमधर्मस्य तदात्मानं सृजाम्यहम् ॥ यदा यदा हि धर्मस्य ग्लानिर् भवति भारत| अभ्युत्थ…

सम्पूर्ण विश्व की जनसंख्या आठ सौ करोड़ से घट कर केवल चौसठ करोड़ रह जायेगी

महापुरुष अच्युतानंद दास जी के द्वारा रचित मालिका की कुछ दुर्लभ पंक्तियां व तथ्य- सभी को ज्ञात है कि द्वापर में महाभारत युद्ध होने का एक प्रमुख कारण भूमि विवाद था। उसी तरह वर्तमान समय में भी…

सुधर्मा सभा में नारद वीणा गायन करेंगे

महामुनि कपिल और महापुरुष अच्युतानंद दास जी के द्वारा रचित कपिल संहिता और मालिका की कुछ दुर्लभ पंक्तियां व तथ्य- “बलराम हेबे राजा कान्हु परिचार, बसिब सुधर्मा सभा जाजनग्र ठार, वीणा बाहीन नारद…

मनुष्य समाज स्वयं अपने विनाश को आमंत्रित कर रहा है

श्रीमद्भागवत व भविष्य मालिका में भगवान व्यास व संत अच्युतानंद दास जी के द्वारा लिखी कुछ दुर्लभ पंक्तियां व तथ्य-   “सत्य-सोच-दया-छमा, टूटिब धर्म मार्ग सिमा।" अर्थात् – श्रीमद्भागवत के …

सभी भक्तों का बड़ा अद्भुत मिलन होगा

महापुरुष श्री अच्युतानंद दास जी के द्वारा रचित मालिका की कुछ दुर्लभ पंक्तियां व तथ्य- "भगत सुमेल होइबे कठुर खंडगिरि पासे जिबे। अनन्त मूरति दर्शन करीण सर्वे सर्वांकु चिनिभे।।" अर्थात् - शीध्…

सभी परमाणु बम व हथियार निष्क्रिय हो जाएंगे

महापुरुष श्री अच्युतानंद दास जी द्वारा रचित मालिका में तृतीय विश्वयुद्ध और उसके विनाशकारी परिणामों से जुड़ी कुछ दुर्लभ पंक्तियाँ -   "परमाणु जे बोमा जारा लागी बिदेसिब गारिमा, देखाई भुवन…

प्रधानमंत्री मोदी ही भारत के अंतिम प्रधानमंत्री है

महापुरुष श्री अच्युतानंद दास जी के द्वारा रचित मालिका की कुछ दुर्लभ पंक्तियाँ व तथ्य- "भारतर शेष राजा जोगी बर जाण, एहापरे हेब मिलिटरी शासन, मिलिटरी शासन परे किछु दिन पाई, सह जोगी राज जोगी श…

ज्ञानीजनों द्वारा कहा जायेगा कि कलियुग की आयु 'चार लाख बत्तीस हजार' वर्षों की है

महापुरुष श्री अच्युतानंद दास जी के द्वारा रचित मालिका की कुछ दुर्लभ पंक्तियाँ एवं तथ्य- "तोके कहुतुबे जनम हेलेणी दर्शन करीचीमुई। तोके कहुतुबे जन्म हेबे प्रभु ठार गार बूझो तुहि।। बुद्धि विवे…

भगवान कल्कि का धरावतरण शंख, चक्र, गदा, पद्म लेकर चतुर्भुज में नही होगा

आज जब धरती पवित्र घड़ी की ओर अग्रसर हो रही है, तो एक ओर संहार लीला अपने चरम पर है, दूसरी ओर पाप भी अपने अंतिम चरण में है। जहाँ एक ओर भक्तों के एकत्रीकरण के साथ उनके उद्धार का कार्य सम्पन्न ह…

संपूर्ण मानव जाति के कल्याण के लिए यह परम आवश्यक है

कलियुग पहले ही ख़त्म हो चुका है! कई धर्मग्रंथों और मनुस्मृति (मनु के कानून) में उपलब्ध जानकारी के आधार पर चार युगों के समय की गणना की जा सकती है। इन युगों के नाम हैं - सत्ययुग, त्रेतायुग, द…

श्रीजगन्नाथ की भूमि से संकेत, कलियुग के अंत की घोषणा।

श्रीजगन्नाथ की भूमि से संकेत, कलियुग के अंत की घोषणा।   महान ऋषियों, पंच सखा ने निराकार भगवान जगन्नाथ के निर्देशानुसार भविष्य मलिका की रचना की थी। भविष्य मलिका ने मुख्य रूप से महान विवरण का…

वर्तमान में भक्तों के एकत्रीकरण का कार्य चल रहा है

महापुरुष अच्युतानंद दास जी के द्वारा लिखी मालिका की दिव्य पंक्ति व तथ्य-   "द्वितीय अजोध्या पूरी प्रकाशीब रघुनाथंक बिहारो, सेदिन ऐपुरो उत्कल नगर राशस्थली होइजिबो।" अर्थात - जहाँ जगतपति…